Jeev Aur Bhagwaan Related Questions

Q1. Does  Lord Krishna thinks that he also should get a gift on his birthday?

क्या  भगवान् सोचते होंगे , की उन्हें भी उनके जन्मदिन पर उपहार मिले भक्त से?

Q2. One should love which form of Lord Krishna?

हमें भगवान् के किस रूप से प्रेम करना चाहिए?

Q3. How to concentrate on Lord Krishna’s lotusfeet?

भगवान् के चरणकमलों का ध्यान कैसे करें?

Q4. Chanting Lord Krishna’s name makes me cry. What to do?

भगवान् का नाम लेने से रोना आता है. क्या करूँ?

Q5. Can Lord Krishna be our friend?

क्या भगवान् हमारे दोस्त हो सकते हैं?

Q6. How can an immature seeker keep control on Genitals?

अपरिपक्व साधक कैसे अपने जनेंद्रियों पर काबू रखे?

Q7. Are the good deeds done in our life can be considered as bhakti?

हमारे द्वारा किये गये अच्छे कर्मो को ही भक्ति माना जा सकता है?

Q8. Why is our soul affected by our deeds when it is separated from our body?

हमारे द्वारा किये गाये कर्मो का फल आत्मा को क्यों भुगतना पड़ता है, जबकि वो हमारे शरीर का हिस्सा भी नही है?

Q9. When Lord Krishna is present everywhere then why does common man undergo so much of torture?

जब भगवान् हर जगह मौजूद हैं, तो फिर आम आदमी को इतना अत्याचार क्यों सहना पड़ता है?

Q10. When will we get liberation from our lives?

हमें कब मुक्ति मिलेगी अपनी ज़िन्दगी से?

Q11. Why our soul has to bear all the fruits of our deed, even though it is not even responsible for it?

क्यों हमारी आत्मा को हमारे कर्मो का फल भुगतना पड़ता है, जबकि वास्तव में तो वो ज़िम्मेदार ही नही है?

Q12. Those who do not believe in shaastra’s, what are there condition?

उन लोगों की क्या हालत होती है जो शास्त्रों पर यकीन नही करता?

Q13. I served my whole life but didn’t get happiness. Why?

मैं पूरी ज़िन्दगी सेवा करता रहा, पर खुशियों से वंचित हूँ| क्यों?

Q14. Leaving all the resolutions and taking Lord Krishna’s shelter. What does it mean?

सारे संकल्प छोड़कर भगवान् की शरणागति लेना| इसका क्या मतलब हुआ?

Q15. Is it easy to remove ‘sansaar’ from our minds?

क्या मनन से संसार को निकलना आसन है?

Q16. Wil our relation from Lord Krishna will end one day?

क्या हमारा रिश्ता भगवान् से ख़तम होजेगा एक दिन?

Q17. How to see Lord Krishna in everybody?

भगवान् को सब में कैसे देखें?

Q18. Is it okay if one leaves everything and does ‘bhajan’?

क्या सब कुछ छोधकर भजन करना सही है?

Q19. Should one listen to worldly talks from relatives?

क्या रिश्तेदारों से संसार की बातें सुनना सही है?

Q20. What is the literal meaning of the word ‘love’?

प्रेम शब्द का शाब्दिक अर्थ क्या है?

Q21. What is love?

प्रेम क्या है?

Q22. What is the difference between love and affection?

प्रीती और प्रेम में क्या अंतर है?

Q23. I do offer my prayers to Lord Krishna, but not able to read ‘shaastras’. What to do?

मैं पूजा तो करती हूँ पर शास्त्र नही पढ़ पाती| क्या करूँ?

Q24. Why does Lord Krishna gives us pain?

भगवान् हमें दुःख क्यों देते हैं?

Q25. What to follow first? Rules or ‘bhakti’?

पहले नियम का पालन करें या भक्ति करें?

Q26. How to stop ourselves from committing sins?

अपने आप को पाप करने से कैसे रोकें?

Q27. How should i stop myself from condemnation?

दूसरों की बुराई करने से खुद को कैसे रोकूँ?

Q28. Does Lord Krishna snatches our ‘bhakti’ if our mind comes into ‘maya’?

क्या भगवान् भक्ति छीन लेते हैं अगर हम माया में पड़ जाते हैं तो?

Q29. People do not allow us to go to temple and rather asks us to come for a movie. Is it correct

लोगो मंदिर जाने की जगह फिल्म देखने को कहते हैं. क्या ये सही है?

Q30. Mind remains quite worried. What to do?

मन मेरा चिंतित रहता है. क्या करूँ?

Q31. What is the nature of our mind?

हमारे मन का स्वभाव कैसा है?

Q32. How to control our mind and tongue?

अपना मन और वाणी काबू में कैसे रखें?

Q33. How to overcome the tendency of ‘me and my’?

मैं और मेरा की बुद्धि से आगे कैसे बढूँ?

Q34. Will god never forgive me?

क्या भगवान् मुझे कभी माफ़ नही करेंगे?

Q35. Serving parents and ‘guru’ is one?

क्या माँ-बाप की सेवा करना ही गुरु की सेवा है?

Q36. Serving parents is right or wrong?

माँ-बाप की सेवा करना सही है या गलत?

Q37. How should we explain our ‘bhaktimay’ condition to others?

अपनी भक्तिमय स्तिथि दूसरों को कैसे समझायें?

Q38. Why are we not able to see Lord Krishna?

हम भगवान् को क्यों नही देख पाते?

Q39. Is it correct that one cannot recieve ‘bhakti’ without Lord Krishna’s mercy?

क्या सच में भगवान् की कृपा के बिना उनकी भक्ति नही मिलती?

Q40. Do we have to leave everything for doing ‘bhakti’?

क्या भक्ति करने के लिए सब छोड़ना होगा?

Q41. Will our soul be merged into Lord Krishna’s body?

क्या हमारी आत्मा भगवान् के श्री अंगो में मिल जायेगी?

Q42. Can we chant Lord Krishna’s name while walking or roaming?

चलते फिरते भगवान् का नाम ले सकते हैं?

Q43. Will our sins shear in bhakti?

क्या हमारे पाप, भक्ति में आकर कट जायेंगे?

Q44. does Lord Krishna stays in every living being?

क्या भगवान् हर जीवात्मा में रहते हैं?

Q45. Will god forgive our sins?

क्या भगवान् हमारे पापों को माफ़ कर देंगे?

Q46. Does Lord Krishna also agonize for us?

क्या भगवान् भी भक्त के लिए तड़पते हैं?

Q47. Does Slaughtering makes Lord Krishna happy?

क्या बलि चढ़ाने से भगवान् को ख़ुशी मिलती है?

Q48. Can we chant any mantra?

क्या हम कोई भी मन्त्र का जाप कर सकते हैं?

Q49. What should be done to get Krishna attributed spirit?

कृष्णा भावना भावित होने के लिए क्या करना चाहिए?

Q50. No one understands ‘bhakti’ talks. What to do?

भक्ति विषय बातें कोई नही समझता| क्या करूँ?

Q51. Which one Lord to have faith in?

किस एक भगवान् को मानें?

Q52. Can prayers be offered after eating?

क्या पूजा खाना खाने के बाद हो सकती है?

Q53. My father left us long back and has come now. Should now he be served by us?

हमारे पिता हमें छोड़ के चले गये थे और वापस अब आयें हैं| क्या हमें उनकी सेवा करनी चाहिए?

Q54. How to sacrifice the desire of fruits of our deeds?

कर्मो के फलों की इच्छा को कैसे त्यागें?

Q55. Atmosphere where I am working is not good. What to do?

जहाँ मैं काम करता हूँ, वहां का माहोल अच्छा नही है| क्या करूँ?

Q56. How many ‘jeevaatma’s’ are there on earth?

कितनी जीवात्माएं हैं धरती पर?

Q57. What is life?

जीवन क्या है?

Q58. If we being a part of Lord Krishna, then why that virtue is not in us?

अगर हम भगवान् के अंश हैं, तो उनके गुण हम में क्यों नही हैं?

Q59. Can there be jealousy and competition between devotees?

क्या भक्तों में भी इर्ष्या और स्पर्धा होती है?

Q60. The deeds done by us are actually done by us or Lord Krishna?

हमारे कर्म हम करते हैं या भगवान्?

Q61. Why cannot we be like ‘gopis’?

हम गोपियों जैसे क्यों नही बन सकते?

Q62. We being Krishna’s children, why do we get trapped in ‘maya’?

भगवान् के अंश होने के बाद भी हम माया में क्यों फसते हैं?

Q63. Does distributing knowledge really increases it?

क्या ज्ञान सच में बांटने से बढ़ता है?

Q64. I keep saying bad things in anger. What to do?

गुस्से में भला बुरा बोल जाती हूँ| क्या करूँ?

Q65. Why are we the victim of bad habits?

हम गन्दी आदतों के शिकार क्यों होजाते हैं?

Q66. What does Lord Krishna means by ‘ Ek Sharan’?

एक शरण से भगवान् का क्या मतलब है?

Q67. Is it correct to try everything out in life?

क्या ज़िन्दगी में सब चीज़ों का लुत्फ़ उठाना ज़रूरी है?

Q68. Our soul is a part of Lord Krishna. Then why sometimes it is being called as ‘bad soul’?

हमारी आत्मा भगवान् का का ही अंश है, तो क्यों कभी कभी इसे दुरात्मा भी कहा जाता है?

Q69. From where does ‘pain’ come?

दुःख कहाँ से आते हैं?

Q70. Eating non-veg very rarely, affects our ‘bhakti’?

कभी कभी मांस खाने से भक्ति पर प्रभाव पड़ता है?

Q71. I get emotional while watching spiritual channels, but it disappears after it. What to do?

आध्यात्मिक चैनल देखकर भावुक होजाता हूँ पर बादमें ठीक होजाता हूँ| क्या करूँ?

Q72. I am unable to follow what Guru has asked me to do. What to do?

अपने गुरु द्वारा बताये गये ज्ञान का अनुसरण नही कर पा रही हूँ| क्या करूँ?

Q73. Is bhakti, done out of fear, successful?

डर से की जाने वाली भक्ति सफल होती है?

Q74. While listening only, I do my bhakti. Is it correct?

सुन सुन के ही भक्ति कर पाती हूँ| क्या ये ठीक है?

Q75. What will happen to a saint having bad behavior?

उस साधू का क्या होगा जिसका आचरण ख़राब हो?

Q76. Should we continue doing good deeds even after receiving bad?

बुरा फल मिलने के बाद भी अच्छे काम करते रहना चाहिए?

Q77. What is the condition of a devotee in this materialistic society?

भक्त की हालत इस भौतिक समाज में कैसी होती है?

Q78. How to control anger after being in serious ‘bhakti’?

भक्ति में गंभीर होने के बाद गुस्से को कैसे काबू करें?

Q79. I want to return back to this path of ‘bhakti’. Please guide.

भक्ति के पथ पर वापस आना चाहता हूँ| मार्गदर्शन करें|

Q80. I want to follow celibacy but mind wanders. What to do?

ब्रह्मचर्य का अनुसरण करना चाहता हूँ पर मन भटक जाता है| क्या करूँ?

Q81. If we stop someone from disturbing us while doing ‘bhakti’ then is it a sin?

भक्ति करते वक़्त अगर कोई हमें परेशां कर रहा हो और हम उसे टोक दें तो क्या ये अपराध होगा?

Q82. From what age should ‘bhakti’ be started?

भक्ति किस उम्र से शुरू कर देनी चाहिए?

Q83. What should be our focus in bhakti?

भक्ति का केंद्रबिंदु क्या होना चाहिए?

Q84. Why are devotees in pain?

भक्त अक्सर दुखी क्यों रहते हैं?

Q85. Why do we not trust Lord Krishna?

हम भगवान् पे विश्वास क्यों नही करते?

Q86. Why no one praises our bhakti?

कोई हमारी भक्ति की तारीफ क्यों नही करता?

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